
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर गृह मंत्री अमित शाह का बड़ा बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि बीजेपी के कार्यकर्ताओं के लिए पद से कहीं अधिक महत्वपूर्ण देश, हमारी युवा पीढ़ी और विद्यार्थी हैं. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का अपने पद से इस्तीफा इसी को दर्शाता है.
अमित शाह ने कहा कि मोदी सरकार देश के युवाओं की भावनाओं का सम्मान करती है और पेपर लीक के विरुद्ध आवश्यक सुधारों के लिए कटिबद्ध है. पेपर लीक के दोषियों को कठोर दंड मिले, इसके लिए पीएम मोदी द्वारा लिए गए निर्णय सराहनीय हैं. मुझे पूरा विश्वास है कि इन कदमों से NEET परीक्षा में सफल हुए विद्यार्थियों के साथ पूरा न्याय होगा.
धर्मेंद्र प्रधान के काम की तारीफ
उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान ने अपने कार्यकाल में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के प्रभावी क्रियान्वयन, मातृभाषाओं में परीक्षाओं की व्यवस्था, पीएम श्री विद्यालयों के विस्तार, डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने, कौशल विकास एवं उद्योग-अकादमिक समन्वय को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण सुधार किए हैं. परीक्षा प्रणाली को अधिक समावेशी और छात्र-केंद्रित बनाने की दिशा में भी उनके प्रयास उल्लेखनीय रहे हैं. उनका कार्यकाल भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प के प्रति उनके समर्पण का परिचायक है.
छात्र, शिक्षक और शिक्षा सुधार के लिए समर्पित
इससे पहले धर्मेंद्र प्रधान ने अपने इस्तीफे की जानकारी देते हुए एक्स पर लिखा था कि मेरे युवा साथियों, मैं पिछले 4 दशकों से अधिक समय से छात्र, शिक्षक और शिक्षा सुधार के लिए समर्पित रहा हूं. मेरा हमेशा यह विश्वास रहा है कि एक सशक्त, समावेशी और दूरदर्शी शिक्षा व्यवस्था ही सशक्त राष्ट्र की आधारशिला होती है. मैं देश के युवाओं की आकांक्षाओं, भावनाओं और उनकी न्यायोचित अपेक्षाओं का गहरा सम्मान करता हूं.
जंतर-मंतर पर सीजेपी के विरोध प्रदर्शन का जिक्र करते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि पिछले 10 दिनों का घटनाक्रम देखकर मेरा मन दुखी है. यह मेरे लिए व्यक्तिगत प्रतिष्ठा का विषय नहीं है. भारत की युवा शक्ति ही इस देश की असली ताकत है.
युवा शक्ति को भ्रम के कुचक्र में फंसने नहीं देंगे
देश की युवा शक्ति को भ्रम के कुचक्र में फंसने नहीं देंगे, यही मेरा संकल्प है. जंतर-मंतर पर और देश में जो स्थिति बनी है, इस स्थिति का राष्ट्र विरोधी ताकतें लाभ न उठाएं. देश की एकता बनी रहे, भारत के एक भी छात्र का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे, हमारे बच्चे अपना समय पढ़ाई में लगाएं, करियर बनाने पर फोकस करें, इसी बात पर विचार करते हुए मैंने अपना त्यागपत्र पीएम मोदी को भेज दिया है.
सीजेपी ने आंदोलन खत्म करने का किया ऐलान
बता दें कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद सीजेपी ने भी जंतर मंतर पर अपना आंदोलन खत्म करने का ऐलान कर दिया है. सीजेपी के प्रवक्ताओं ने सरकार के साथ साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, हमारी पहली मांग पूरी हो गई है. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपना इस्तीफा दे दिया है. सीजेपी अपना आंदोलन वापस लेती है. उन्होंने कहा कि सरकार ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज सभी FIR वापस लेने पर सहमति जताई है. वहीं सरकार ने यह भी आश्वासन दिया है कि भविष्य में सीजेपी टीम और आंदोलन के आयोजकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी.