
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में गुरुवार को एक ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसने मशहूर फिल्म ‘शोले’ के पानी की टंकी वाले दृश्य की याद दिला दी. लेकिन इस बार टावर पर कोई ‘वीरू’ नहीं, बल्कि अपनी ही सहेली के प्यार में दीवानी एक युवती चढ़ी हुई थी. वो अपनी प्रेमिका से शादी की मांग को लेकर सैकड़ों फीट ऊंचे मोबाइल टावर के सबसे ऊपरी हिस्से पर जा पहुंची और वहां से चिल्लाकर ऐलान कर दिया कि अगर उसकी शादी उसकी पसंद की लड़की से नहीं कराई गई, तो वह ऊपर से कूदकर अपनी जान दे देगी. इस समलैंगिक प्रेम कहानी के हाई-वोल्टेज ड्रामे ने पुलिस-प्रशासन के पसीने छुड़ा दिए.
ये घटना मुजफ्फरपुर जिले के साहेबगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले तेलिया छपरा गांव की है. गुरुवार को गांव के लोगों की नजर अचानक मोबाइल टॉवर पर पड़ी, जहां सबसे ऊपरी हिस्से पर एक युवती चढ़ी हुई थी. कुछ ही मिनटों में यह खबर आग की तरह पूरे इलाके में फैल गई. टावर के नीचे देखते ही देखते सैकड़ों ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई. हर किसी की नजरें आसमान की ओर टिकी थीं और लोग किसी भी अनहोनी की आशंका से बेहद डरे और सहमे हुए थे.
प्रेमिका की शादी रोकने पहुंची थी घर
जानकारी के मुताबिक, टॉवर पर चढ़ी युवती की पहचान बबिता कुमारी के रूप में हुई है, जो अपनी ही सहेली मनीषा कुमारी से बेहद प्यार करती है. बबिता का कहना है कि वो और मनीषा लंबे समय से एक-दूसरे को पसंद करती हैं और शादी कर साथ जीवन बिताना चाहती हैं. लेकिन उनका परिवार और समाज इस समलैंगिक रिश्ते को स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं है.
बताया जा रहा है कि 6 जुलाई को मनीषा के लिए कहीं से विवाह का रिश्ता आया था. जैसे ही बबिता को इसकी भनक लगी, वह सीधे मनीषा के घर पहुंच गई. उसने मनीषा के पिता के सामने हाथ-पैर जोड़े और शादी रोकने की गुहार लगाई. लेकिन परिजनों ने उसकी एक न सुनी और उसे भगा दिया. इस सामाजिक और पारिवारिक इनकार से बबिता भावनात्मक रूप से पूरी तरह टूट गई और विरोध जताने के लिए उसने यह आत्मघाती रास्ता चुन लिया.
घंटों चला हाई-वोल्टेज ड्रामा
बबिता तेजी से टॉवर पर चढ़ गई और इतनी ऊंचाई पर पहुंच गई जहां से जरा सा पैर फिसलने का मतलब सिर्फ मौत था. वह ऊपर से लगातार चिल्ला रही थी कि वह मनीषा से ही शादी करेगी और मांग पूरी न होने पर जान दे देगी. इस चेतावनी के बाद नीचे खड़ी महिलाएं रोने लगीं और लोग हाथ जोड़कर उससे नीचे आने की मिन्नतें करने लगे.
सूचना मिलते ही साहेबगंज थाना पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुंची. पुलिस ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की मदद से लाउडस्पीकर के माध्यम से बबिता से बातचीत शुरू की. पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि कोई ऐसी बात न कही जाए जिससे नाराज होकर युवती नीचे छलांग लगा दे. इसलिए पूरे इलाके की घेराबंदी कर सुरक्षा और बचाव की तैयारियां की गईं.
इलाके में चर्चा का विषय बनी समलैंगिक प्रेम कहानी
ये मामला केवल एक प्रशासनिक रेस्क्यू ऑपरेशन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पूरे मुजफ्फरपुर जिले में समलैंगिक संबंधों और सामाजिक स्वीकार्यता को लेकर एक नई बहस छिड़ गई है. गांव के बुजुर्गों का कहना है कि उन्होंने अपने जीवन में पहली बार ऐसी जिद देखी है, जहां कोई लड़की दूसरी लड़की से शादी के लिए टॉवर पर चढ़ गई हो. वहीं, युवाओं के बीच इसे पसंद के अधिकार और भावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उनकी पहली प्राथमिकता युवती को बिना किसी नुकसान के सुरक्षित नीचे उतारना है, जिसके बाद ही आगे की कानूनी काउंसलिंग की जाएगी.